पंजाब कर्मचारियों के DA मामले में हाईकोर्ट की दो टूक, ‘हम कानून के मुताबिक चलेंगे’

पंजाब के सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) के बकाये को लेकर आज पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस अश्वनी मिश्रा ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि अदालत कानून के मुताबिक काम करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की रणनीति के जरिए संस्था पर दबाव नहीं बनाया जा सकता।

‘हमने संविधान की शपथ ली है, पता है इसकी रक्षा कैसे करनी है’
सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस अश्वनी मिश्रा ने कहा कि कोर्ट पूरी तरह कानून के अनुसार चलेगा। किसी भी तरह की रणनीति से संस्था को दबाव में लाने की कोशिश स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका ने संविधान की शपथ ली है और उसे पता है कि संविधान की रक्षा कैसे करनी है।

DA नहीं मिलने पर कर्मचारियों ने दायर की नई याचिका
सरकारी कर्मचारियों ने 2 सितंबर को हाईकोर्ट में नई याचिका दायर की थी। इसमें आरोप लगाया गया कि हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद पंजाब सरकार ने अभी तक कर्मचारियों का बकाया DA जारी नहीं किया है। याचिका में यह भी आरोप लगाया गया कि सरकार ने कोर्ट के निर्देशों के मुताबिक अनुपालन रिपोर्ट दाखिल नहीं की है। सरकार को हाईकोर्ट के पहले के आदेशों का पालन करने और बकाया DA जारी करने के निर्देश देने की मांग की गई है।

सुप्रीम कोर्ट पहुंच चुकी है पंजाब सरकार
इस मामले में पंजाब सरकार ने 1 सितंबर को हाईकोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। सरकार की ओर से दाखिल स्पेशल लीव पिटीशन (SLP) में 9 तकनीकी खामियां बताई गई हैं, जिन्हें अभी ठीक किया जाना बाकी है। इसी बीच पंजाब सरकार ने 17 जुलाई 2020 के बाद भर्ती हुए करीब 85 हजार सरकारी कर्मचारियों को 60 फीसदी DA देने का ऐलान किया है। हालांकि, DA के बकाये को लेकर कर्मचारियों और सरकार के बीच विवाद अभी भी कोर्ट में जारी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *